शिक्षकों की कमी के चलते खेड़ी तगा में राजकीय उच्च विद्यालय के मुख्यद्वार पर जड़ा ताला तहसीलदार हरीओम अत्री ने ग्रामीणों को समझाकर करीब 3 घंटे बाद खुलवाया ताला

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 सोनीपत( आदेश त्यागी )  स्कूल के गेट पर ताला लगाते ग्रामीण।  स्कूल के मैन गेट पर ताला लगाकर विरोध करते सरपंच व ग्रामीण।
गांव खेड़ी तगा के राजकीय उच्च विद्यालय में शिक्षकों की कमी के चलते ग्रामीणों ने मंगलवार को गांव के सरपंच धर्मबीर के नेतृत्व में स्कूल पहुंचकर स्कूल के मुख्य द्वार पर ताला जड़ दिया। ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षकों की कमी से विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। ग्रामीणों ने कई बार शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों के साथ-साथ जिला उपायुक्त व सोनीपत के सांसद रमेश कौशिक से भी शिक्षकों की कमी को पूरा करने की गुहार लगाई, लेकिन स्कूल की समस्या ज्यों की त्यों है। इससे तंग आकर  ग्रामीणों का कहना है कि वे अपने बच्चों को शिक्षित करने के लिए स्कूल में भेजते हैं, लेकिन शिक्षा विभाग शिक्षकों का तबादला कर बच्चों को शिक्षित करने की बजाय उनका भविष्य अंधकारमय बना रहा है। ताले जडऩे की सूचना मिलने पर खंड मौलिक शिक्षा अधिकारी विद्योत्मा देवी मौके पर पहुंची। ग्रामीण स्टाफ को पूरा करने मांग अड़े रहे। ग्रामीणों ने कहा कि वे स्कूल का ताला तब तक नहीं खोलेंगे जब तक स्कूल का स्टाफ पूरा नहीं हो जाता। इतना ही नहीं ग्रामीणों ने जिला शिक्षा अधिकारी पर आरोप लगाते हुए कहा कि जिला शिक्षा अधिकारी पैसे लेकर अपने चहेतों का तबादला या अस्थाई स्थानांतरण मनचाहे स्कूल में करवा देते हैं। शिक्षकों की मांग करने के बावजूद जिला शिक्षा अधिकारी इसी स्कूल के शिक्षकों को स्थानांतरण करवा रहे हैं। जब ग्रामीणों ने काफी देर तक ताला नहीं खोला तो गन्नौर के तहसीलदार हरिओम अत्री मौके पर पहुंचे और उन्होंने ग्रामीणों की समस्या सुनने के बाद शिक्षा अधिकारियों से बात कर अस्थाई रूप से स्थानांतरित किए गए शिक्षकों को वापस इसी स्कूल में भेजने का आदेश दिए। इसके अलावा उन्होंने स्कूल के स्टाफ की कमी को भी जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। तहसीलदार ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि एक हफ्ते तक शिक्षकों की कमी को पूरा कर दिया जाएगा, जिसके बाद लगभग तीन घंटे बाद ग्रामीणों ने स्कूल का ताला खोला।
स्कूल में शिक्षकों की कमी
गांव के सरपंच धर्मबीर ने बताया कि पिछले कई महीनों से वे अधिकारियों व सांसद से स्कूल में शिक्षकों की कमी को पूरा करने की मांग कर रहे हैं, लेकिन इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। स्कूल में विज्ञान, हिंदी, ड्राईंग अध्यापक की पोस्ट खाली पड़ी है। इसके अलावा गणित की अध्यापिका को 4 महीने के लिए रोहतक अस्थाई स्थानांतरित कर दिया गया। इसी स्कूल के एक जेबीटी शिक्षक को जिला शिक्षा अधिकारी ने मनचाहे स्कूल में अस्थाई स्थानांतरण कर दिया।
ये कहती हैं शिक्षा अधिकारी
इस बारे में खंड मौलिक शिक्षा अधिकारी विद्योत्मा देवी ने कहा कि स्कूल में स्टाफ की कमी है। वह इस मांग को उच्च अधिकारियों के पास लिखित में भेजेंगी। इसके अलावा अस्थाई स्थानांतरित किए गए शिक्षकों को वापस स्कूल में बुला लिया है। इसके अलावा शाहपुर तगा के स्कूल के विज्ञान का शिक्षक तीन दिन शाहपुर तगा व तीन दिन खेड़ी तगा के स्कूल में बच्चों को पढ़ाएगा, ताकि बच्चों की पढाई बाधित न हो।
ये कहते हंै तहसीलदार
मौके पर पहुंचे तहसीलदार हरिओम अत्री ने कहा कि शिक्षा अधिकारियों से बात कर अस्थाई रूप से स्थानांतरित किए गए शिक्षकों को वापस इसी स्कूल में भेजने का आदेश दिए गए। इसके अलावा उन्होंने स्कूल के स्टाफ की कमी को भी जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि एक हफ्ते तक शिक्षकों की कमी को पूरा कर दिया जाएगा। आश्वासन मिलने के बाद ग्रामीणों ने स्कूल का ताला खोल दिया है।

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